ताजा खबर
विक्रम के बर्थडे पर ‘चियान 63’ का फर्स्ट फ्लेम टीज़र रिलीज़ हुआ, फैंस बोले—अब आएगा असली धमाका!   ||    सलमान खान की नई फिल्म का धमाकेदार आगाज़, वामशी पैडिपल्ली के साथ शुरू हुई मेगा एंटरटेनर की शूटिंग!   ||    “सुल्तान से कोई मुकाबला नहीं” — ‘Glory’ लॉन्च पर पुलकित सम्राट ने सलमान खान को बताया असली OG   ||    यामिनी मल्होत्रा की लग्ज़री छलांग—करोडो की मर्सिडीज खरीदी   ||    ‘पति पत्नी और वो दो’ की नई रिलीज डेट फाइनल!   ||    CBSE 12वीं रिजल्ट 2026: अप्रैल के अंत तक आ सकते हैं नतीजे; 18 लाख से ज्यादा छात्रों की धड़कनें तेज   ||    IPL 2026: KKR की लगातार हार से बढ़ा दबाव, गुजरात टाइटंस ने रोमांचक मुकाबले में मारी बाजी   ||    कश्मीर में भूकंप के झटके, लोग घरों से बाहर निकले   ||    प्रियंका गांधी ने कहा कि सीटें बढ़ाना सत्ता में बने रहने की साजिश थी।   ||    Shreyas Iyer का बड़ा बयान - आईपीएल खिताब जीतना ही हमारा एकमात्र लक्ष्य   ||   

मंत्री गोविंद राजपूत को सुप्रीम कोर्ट से राहत, SC-ST केस में गिरफ्तारी पर रोक, आदिवासी युवक की मौत की होगी SIT जांच

Photo Source :

Posted On:Thursday, December 11, 2025

मध्य प्रदेश सरकार में मंत्री गोविंद सिंह राजपूत को सुप्रीम कोर्ट से एक बड़ी राहत मिली है. कोर्ट ने एससी-एसटी मामले में गोविंद सिंह की गिरफ्तारी पर रोक लगा दी है. हालांकि, कोर्ट ने इस मामले की गंभीरता को देखते हुए आदिवासी युवक की मौत की एसआईटी (SIT) जांच का आदेश दिया है, ताकि घटना के परस्पर विरोधी बयानों के बीच निष्पक्षता सुनिश्चित की जा सके.

सुप्रीम कोर्ट ने मध्य प्रदेश के डीजीपी (DGP) को निर्देश दिया है कि नीलेश आदिवासी की मौत की जांच के लिए तीन सदस्यीय एसआईटी का गठन किया जाए.

चीफ जस्टिस ऑफ इंडिया (CJI) सूर्यकांत और जस्टिस जॉयमाल्य बागची की पीठ ने आदेश दिया कि निष्पक्षता सुनिश्चित करने के लिए दो दिनों के भीतर एसआईटी का गठन किया जाए. पीठ ने विशेष रूप से यह निर्देश दिया कि एसआईटी में मध्य प्रदेश के बाहर के वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों को शामिल किया जाए, ताकि जांच की पारदर्शिता बनी रहे.

लखीमपुर खीरी हिंसा मामले में आशीष मिश्रा को मिली बड़ी राहत

इसी पीठ (CJI सूर्यकांत और जस्टिस जॉयमाल्य बागची) ने एक अन्य महत्वपूर्ण मामले, 2021 के लखीमपुर खीरी हिंसा मामले, में आरोपी आशीष मिश्रा को भी बड़ी राहत दी.

सुप्रीम कोर्ट ने आशीष मिश्रा को अपनी बेटी की 12वीं की बोर्ड परीक्षा से पहले 25 से 31 दिसंबर के बीच उसके साथ समय बिताने के लिए घर जाने की अनुमति दी है. इससे पहले, 9 अक्टूबर को भी कोर्ट ने आशीष को परिवार के साथ दिवाली मनाने के लिए लखीमपुर खीरी जाने की अनुमति दी थी.

शर्तों को लागू रखने का निर्देश

सीजेआई सूर्यकांत और जस्टिस बागची की पीठ ने आशीष मिश्रा की ओर से पेश वरिष्ठ अधिवक्ता सिद्धार्थ दवे द्वारा दायर याचिका पर विचार किया. इस दौरान कोर्ट ने पहले दी गई जमानत की शर्तों को लागू रखने का निर्देश दिया. इन शर्तों में सबसे प्रमुख है राजनीतिक गतिविधियों में भाग न लेने की शर्त.

सीजेआई ने आशीष और अन्य के खिलाफ जारी मुकदमे की स्थिति पर भी विचार किया.

  • गवाही की स्थिति: पीठ को बताया गया कि अब तक 36 गवाहों की गवाही हो चुकी है, जबकि 85 लोगों की गवाही अभी बाकी है. दूसरी एफआईआर से संबंधित मामले में भी 35 गवाहों की गवाही होनी है.

  • मुकदमों का बोझ: उत्तर प्रदेश के अतिरिक्त महाधिवक्ता ने पीठ को बताया कि मामले की सुनवाई करने वाले न्यायाधीश के सामने 789 मुकदमे लंबित हैं.


मिर्ज़ापुर और देश, दुनियाँ की ताजा ख़बरे हमारे Facebook पर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें,
और Telegram चैनल पर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें



मेरा गाँव मेरा देश

अगर आप एक जागृत नागरिक है और अपने आसपास की घटनाओं या अपने क्षेत्र की समस्याओं को हमारे साथ साझा कर अपने गाँव, शहर और देश को और बेहतर बनाना चाहते हैं तो जुड़िए हमसे अपनी रिपोर्ट के जरिए. mirzapurvocalsteam@gmail.com

Follow us on

Copyright © 2021  |  All Rights Reserved.

Powered By Newsify Network Pvt. Ltd.