ताजा खबर
भारत से लेकर जापान तक दुनिया में जंग के बीच इन 20 देशों ने बढ़ाया अपना रक्षा खर्च   ||    ट्रंप की जिस प्रेस डिनर पार्टी में चली अंधाधुंध गोलियां वहां पूरी नहीं थी सुरक्षा, अमेरिका में ही उठ...   ||    रेयर अर्थ मैटेरियल का नया ग्लोबल हब बना मलेशिया पेंटागन के साथ $1 बिलियन की डील, चीन के एकाधिकार को ...   ||    LSG vs KKR सुपर ओवर में कोलकाता की जीत, रिंकू सिंह ने अकेले पलटा मैच, लखनऊ की लगातार 5वीं हार   ||    IPL 2026 KKR के साथ हुई बेईमानी? बल्लेबाज के शरीर पर लगी गेंद, तो दिया गया रन आउट, इस नियम ने चौंकाय...   ||    आत्मनिर्भरता की मिसाल होशियारपुर में सरपंच खुद बनते हैं 'गेटमैन', गांव की सुरक्षा के लिए ट्रेन को दि...   ||    दिल्ली बनाम नई दिल्ली: क्या वाकई दोनों एक ही हैं? जानें क्षेत्रफल, इतिहास और प्रशासन का असली अंतर   ||    एक दिन’ इवेंट में आमिर खान का दिल से बयान: “साई पल्लवी आज देश की सबसे बेहतरीन एक्ट्रेस”   ||    ‘गोलमाल 5’ की धमाकेदार वापसी: ऊटी में शुरू हुई मस्ती, इस बार सवारी भी बड़ी और सरप्राइज भी!   ||    ‘इंस्पेक्टर अविनाश 2’ का टीज़र: इस बार कानून नहीं, तांडव बोलेगा!   ||   

डोनाल्ड ट्रंप Alpha Male जैसे दिखे…बॉडी लैंग्वेज एक्सपर्ट जूडी जेम्स ने US प्रेसिडेंट के बारे में ऐसा क्यों कहा?

Photo Source :

Posted On:Saturday, March 1, 2025

हाल ही में व्हाइट हाउस के ओवल ऑफिस में अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोडिमिर जेलेंस्की के बीच एक तनावपूर्ण मुलाकात हुई। इस बैठक के दौरान दोनों नेताओं के बीच तीखी बहस और वाकयुद्ध देखा गया, जिसने वैश्विक मीडिया का ध्यान आकर्षित किया। ब्रिटेन की मशहूर बॉडी लैंग्वेज एक्सपर्ट जूडी जेम्स ने इस घटना का विश्लेषण करते हुए ट्रंप को 'अल्फा मेल' करार दिया है, क्योंकि वे इस बातचीत में 'आक्रामक उत्तेजना' की स्थिति में दिखाई दिए।

प्रेस कॉन्फ्रेंस के बाद डेलीमेल डॉट कॉम से बातचीत में जूडी जेम्स ने कहा कि ट्रंप और जेलेंस्की के बीच कैमरे के सामने तनावपूर्ण वाकयुद्ध चल रहा था। उन्होंने बताया कि ट्रंप का पसंदीदा हथियार उनकी तर्जनी अंगुली उठाना है, जो एक आदेशात्मक इशारा है। हालांकि, इस मुलाकात में यह इशारा विवाद को रोकने में विफल रहा। दोनों नेता एक-दूसरे पर चिल्लाते हुए ऊंची आवाज में बात करने लगे। ट्रंप ने चिल्लाकर कहा कि जेलेंस्की 'तीसरे विश्व युद्ध के साथ जुआ खेल रहे हैं'। आक्रामक उत्तेजना के कारण ट्रंप का चेहरा लाल हो गया था और अविश्वास के भाव से उन्होंने भौंहें सिकोड़ ली थीं। जब उन्होंने जेलेंस्की पर 'अनादरपूर्ण' व्यवहार करने का आरोप लगाया तो उनके चेहरे पर गुस्से की हल्की-सी मुस्कान उभर आई। वेंस ने अपने बॉस की पीठ थपथपाई, जिससे ऐसा लगा कि वह यह साबित करना चाह रहे थे कि उन्होंने मुकाबला जीत लिया है।

डेली मेल की रिपोर्ट के अनुसार, चिल्ला-चिल्लाकर किया गया यह वाकयुद्ध वाशिंगटन डीसी स्थित व्हाइट हाउस के ओवल ऑफिस में सार्वजनिक रूप से पहले कभी नहीं देखा गया था। यह बहस दुनियाभर में टीवी स्क्रीन पर प्रसारित हुई। जेलेंस्की ने अपनी बात पर कायम रहते हुए ट्रंप को अपने देश में हुई तबाही की तस्वीरें भी दिखाईं और तर्क दिया कि उन्होंने अमेरिका के लोगों को धन्यवाद दिया। दोनों नेता तनाव में थे और बचाव की मुद्रा में थे, क्योंकि वे बार-बार एक-दूसरे से बात करने की कोशिश कर रहे थे। अमेरिका में यूक्रेन की राजदूत ओक्साना मार्कारोवा ओवल ऑफिस में एक तरफ बैठी थीं। उन्होंने अपना चेहरा अपने हाथों में छिपा लिया था। विवादास्पद बैठक के बाद ट्रंप ने जेलेंस्की को चले जाने को कहा। ट्रुथ सोशल पर डोनाल्ड ट्रंप ने एक पोस्ट भी लिखी।

पोस्ट में ट्रंप ने लिखा कि यह आश्चर्यजनक है कि यूक्रेन के राष्ट्रपति जेलेंस्की शांति के लिए तैयार नहीं हैं, क्योंकि उन्हें लगता है कि अमेरिका की भागीदारी से उन्हें बड़ा फायदा मिलेगा। लेकिन मुझे फायदा नहीं चाहिए, मुझे शांति चाहिए। उन्होंने ओवल ऑफिस में संयुक्त राज्य अमेरिका का अनादर किया। जब वह शांति के लिए तैयार होंगे, तब वह वापस आ सकते हैं। ओवल ऑफिस में कैमरे हटने के बाद जेलेंस्की वेस्ट विंग के एक होल्डिंग रूम में चले गए। जेलेंस्की ने फॉक्स न्यूज को दिए साक्षात्कार में कहा कि वह चाहते हैं कि ट्रंप यूक्रेन के पक्ष में हों। उन्होंने ओवल ऑफिस की घटना के लिए माफी मांगने से इनकार कर दिया और कहा कि अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को 'एक ही पक्ष में' रहने की जरूरत है और उन्हें व्लादिमीर पुतिन को रोकने की जरूरत है।

इस घटना ने अंतरराष्ट्रीय समुदाय में हलचल मचा दी है। विशेषज्ञों का मानना है कि इस प्रकार की सार्वजनिक बहस दोनों देशों के संबंधों पर नकारात्मक प्रभाव डाल सकती है। इसके अलावा, यह घटना वैश्विक राजनीति में नेताओं की बॉडी लैंग्वेज और संचार कौशल के महत्व को भी उजागर करती है। जूडी जेम्स का विश्लेषण इस बात पर प्रकाश डालता है कि कैसे शारीरिक हावभाव और चेहरे के भाव नेताओं की मानसिक स्थिति और उनके संचार के प्रभाव को प्रतिबिंबित करते हैं।

अंततः, यह घटना दर्शाती है कि वैश्विक नेताओं के बीच संवाद में शारीरिक भाषा और भावनात्मक नियंत्रण का कितना महत्वपूर्ण स्थान है। आने वाले समय में, यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि दोनों नेता इस घटना से क्या सीख लेते हैं और अपने देशों के बीच संबंधों को सुधारने के लिए कौन से कदम उठाते हैं।


मिर्ज़ापुर और देश, दुनियाँ की ताजा ख़बरे हमारे Facebook पर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें,
और Telegram चैनल पर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें



मेरा गाँव मेरा देश

अगर आप एक जागृत नागरिक है और अपने आसपास की घटनाओं या अपने क्षेत्र की समस्याओं को हमारे साथ साझा कर अपने गाँव, शहर और देश को और बेहतर बनाना चाहते हैं तो जुड़िए हमसे अपनी रिपोर्ट के जरिए. mirzapurvocalsteam@gmail.com

Follow us on

Copyright © 2021  |  All Rights Reserved.

Powered By Newsify Network Pvt. Ltd.