ताजा खबर
महिला आरक्षण पर बीजेपी का शक्ति प्रदर्शन, CM योगी बोले कांग्रेस और सपा का चेहरा अलोकतांत्रिक   ||    दलाल स्ट्रीट पर छाने को तैयार Razorpay 6 अरब डॉलर की वैल्यूएशन पर आएगा IPO निवेशकों के लिए कमाई का स...   ||    तेल की जंग में तेहरान की ललकार! प्रतिबंधों पर दी बड़ी धमकी; ‘ईरानी तेल रुका तो दुनिया को भुगतने होंग...   ||    IPL 2026: स्टार गेंदबाजों से सजी मुंबई इंडियंस की 'पेस बैटरी' हुई फेल, आंकड़ों में सबसे फिसड्डी   ||    विशाल भारद्वाज ने जयदीप अहलावत को बताया “आज का सबसे बेहतरीन एक्टर, इवेंट में हुआ बड़ा खुलासा   ||    अजय देवगन का इमोशनल पोस्ट वायरल: बेटी न्यासा देवगन को जन्मदिन की बधाई दी   ||    WWE WrestleMania 42 नाइट-2: रोमन रेंस बने नए वर्ल्ड हैवीवेट चैंपियन; ब्रॉक लैसनर ने संन्यास के दिए स...   ||    ‘राजा शिवाजी’ फिल्म का ट्रेलर रिलीज़ हुआ   ||    कूटनीति पर मंडराया खतरा: ईरान ने अमेरिका पर लगाया 'विश्वासघात' का आरोप, पाकिस्तान की शांति पहल के बी...   ||    अनिल कपूर स्टारर 24 के नए सीजन का ट्रेलर रिलीज़ हुआ   ||   

BRICS समिट 2026 भारत में होगा, ब्राजील में किस-किस से मिले PM मोदी? 7 पॉइंट्स में पढ़ें अपडेट

Photo Source :

Posted On:Monday, July 7, 2025

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 6 जुलाई 2025 को ब्राजील के रियो डी जेनेरियो में आयोजित 17वें ब्रिक्स शिखर सम्मेलन में हिस्सा लिया। यह शिखर सम्मेलन दो दिवसीय रहा जिसमें BRICS के सभी 11 सदस्य देशों के प्रतिनिधियों ने भाग लिया। इसमें भारत, ब्राजील, रूस, चीन, इंडोनेशिया, ईरान, सऊदी अरब, इजिप्ट, UAE, इथोपिया और दक्षिण अफ्रीका शामिल रहे। इस दौरान पीएम मोदी की सक्रिय और प्रभावशाली भागीदारी ने भारत की वैश्विक भूमिका को और भी मजबूत किया।


भारत को मिली अगली BRICS समिट की मेजबानी

सम्मेलन के दौरान प्रधानमंत्री मोदी ने घोषणा की कि अगली यानी 18वीं BRICS समिट 2026 की मेजबानी भारत करेगा। सभी सदस्य देशों ने सर्वसम्मति से भारत के प्रस्ताव का स्वागत किया। इसके अलावा जलवायु परिवर्तन पर UNFCCC की 33वीं कॉन्फ्रेंस की मेजबानी के लिए भारत की उम्मीदवारी का समर्थन भी समिट में देखने को मिला। यह भारत की बढ़ती अंतरराष्ट्रीय साख का स्पष्ट संकेत है।


वित्त मंत्रियों की बैठक: WTO के नियमों पर चिंता

ब्रिक्स शिखर सम्मेलन से पहले सदस्य देशों के वित्त मंत्रियों की बैठक आयोजित की गई थी। इसमें सभी 11 देशों के प्रतिनिधियों ने हिस्सा लिया और आर्थिक नीतियों, टैरिफ और ट्रेड अवरोधों पर चर्चा की। बैठक के बाद साझा बयान में कहा गया कि कुछ देश जो टैरिफ लगाने के उपाय अपना रहे हैं, वे WTO के नियमों के खिलाफ हैं और यह वैश्विक व्यापार और अर्थव्यवस्था के लिए अस्थिरता का कारण बनते हैं।


मलेशिया और क्यूबा के नेताओं से पीएम मोदी की मुलाकात

समिट के दौरान पीएम मोदी ने मलेशिया के प्रधानमंत्री अनवर इब्राहिम से मुलाकात की और पहेलगाम आतंकी हमले की निंदा करने के लिए धन्यवाद दिया। दोनों नेताओं ने रक्षा, व्यापार, निवेश और भारत-आसियान साझेदारी को और मजबूत करने पर विस्तार से चर्चा की।

इसके अलावा, प्रधानमंत्री मोदी ने क्यूबा के राष्ट्रपति मिगुएल डियाज-कैनेल से भी मुलाकात की। बातचीत के दौरान दोनों नेताओं ने आयुर्वेद, डिजिटल भुगतान (UPI), फार्मा, पारंपरिक चिकित्सा और आपदा प्रबंधन सहित कई क्षेत्रों में द्विपक्षीय सहयोग बढ़ाने पर जोर दिया।

आतंकवाद पर पीएम मोदी का कड़ा रुख

शिखर सम्मेलन में ‘शांति और सुरक्षा’ विषय पर बोलते हुए प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि आतंकवाद आज की सबसे गंभीर वैश्विक चुनौती है। उन्होंने कहा:

“जो देश आतंकवाद को प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष रूप से समर्थन देते हैं, उन्हें इसकी कीमत चुकानी चाहिए। हमें आतंकवाद और उसके समर्थकों के खिलाफ एकजुट होकर खड़े होना चाहिए।”

उन्होंने पहेलगाम आतंकी हमले को भारत की आत्मा पर हमला बताया और अंतरराष्ट्रीय मंच पर स्पष्ट शब्दों में आतंकवाद के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की।

BRICS का संयुक्त बयान: आतंकवाद को लेकर सख्ती

सम्मेलन के अंत में जारी संयुक्त बयान (Joint Declaration) में BRICS सदस्य देशों ने पहेलगाम आतंकी हमले की तीव्र निंदा की और कहा:

  • आतंकवाद को किसी धर्म, जातीयता या राष्ट्रीयता से नहीं जोड़ा जाना चाहिए।

  • आतंकियों और उनके समर्थकों को राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय कानूनों के तहत सजा मिलनी चाहिए।

  • BRICS देश आतंकवाद के खात्मे के लिए आपसी सहयोग बढ़ाएंगे और किसी भी हाल में इसे बर्दाश्त नहीं करेंगे।


निष्कर्ष

17वां ब्रिक्स शिखर सम्मेलन भारत के लिए कई मायनों में ऐतिहासिक रहा। प्रधानमंत्री मोदी की सक्रिय भूमिका और उनके स्पष्ट विचारों ने न केवल भारत को अगली समिट की मेजबानी दिलाई, बल्कि आतंकवाद और वैश्विक आर्थिक नीतियों पर भारत की स्थिति को मजबूती से सामने रखा। भारत की कूटनीति, वैश्विक मंचों पर उसकी स्वीकार्यता और नेतृत्व क्षमता को इस समिट ने फिर से साबित कर दिया।


मिर्ज़ापुर और देश, दुनियाँ की ताजा ख़बरे हमारे Facebook पर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें,
और Telegram चैनल पर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें



मेरा गाँव मेरा देश

अगर आप एक जागृत नागरिक है और अपने आसपास की घटनाओं या अपने क्षेत्र की समस्याओं को हमारे साथ साझा कर अपने गाँव, शहर और देश को और बेहतर बनाना चाहते हैं तो जुड़िए हमसे अपनी रिपोर्ट के जरिए. mirzapurvocalsteam@gmail.com

Follow us on

Copyright © 2021  |  All Rights Reserved.

Powered By Newsify Network Pvt. Ltd.